बच्चों को शोषण से बचाना: माता-पिता के लिए POCSO का मतलब
भारत का POCSO कानून 18 साल से कम उम्र के हर बच्चे की रक्षा करता है, और कहता है कि स्कूल शोषण की शिकायत आगे करें, चुपचाप मामला न निपटाएँ। जानिए बच्चे से कैसे बात करें और चिंता हो तो क्या करें।
यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण अधिनियम, 2012 (POCSO) 18 साल से कम उम्र के हर बच्चे पर लागू होता है। धारा 19 के तहत, जिसे भी पता हो या शक हो कि किसी बच्चे का शोषण हो रहा है, उसे पुलिस या विशेष किशोर पुलिस इकाई (Special Juvenile Police Unit) को बताना ज़रूरी है। जो स्कूल जानते हुए भी शिकायत नहीं करता, उस पर कानूनी कार्रवाई हो सकती है, इसलिए स्कूल ऐसा मामला आपस में नहीं निपटा सकता।
शिक्षा मंत्रालय के स्कूल सुरक्षा दिशानिर्देश (2021) सरकारी, सहायता प्राप्त और प्राइवेट, सभी स्कूलों के मैनेजमेंट को बच्चों की सुरक्षा के लिए ज़िम्मेदार ठहराते हैं, और स्कूलों से टीचरों को POCSO की ट्रेनिंग देने को कहते हैं।
बच्चे से बात कैसे करें
- बच्चे को उसके प्राइवेट अंगों के सही नाम सिखाइए, और बताइए कि कोई भी उन्हें न छू सकता है, न देखने को कह सकता है।
- उसे बताइए कि छूने, गिफ़्ट या फ़ोटो से जुड़ी कोई बात आपसे छुपाने वाली नहीं होती, चाहे कोई कहे कि बताने पर वह मुसीबत में पड़ेगा।
- घर और स्कूल में ऐसे तीन भरोसेमंद बड़ों के नाम तय कीजिए जिनके पास बच्चा जा सके।
- बातचीत छोटी और शांत रखिए, और बार-बार इस पर लौटिए।
किन बातों पर ध्यान दें
बच्चे अक्सर सीधे-सीधे नहीं बताते। अचानक आए बदलावों पर ध्यान दीजिए: किसी व्यक्ति या जगह से डर, नींद न आना, नए गिफ़्ट या पैसे, या उम्र से बड़ा लगने वाला बर्ताव। किसी बदलाव से शोषण साबित नहीं होता, लेकिन यह प्यार से पूछने और ध्यान से सुनने की वजह ज़रूर है।
अगर बच्चा आपको कुछ बताए
शांत रहिए, उस पर भरोसा कीजिए और बताने के लिए उसका शुक्रिया कीजिए। उस व्यक्ति से खुद मत भिड़िए, और स्कूल के मामला सुलझाने का इंतज़ार मत कीजिए। शिकायत ज़रूर कीजिए।
स्रोत
- Guidelines on School Safety and Security (2021) (नए टैब में खुलेगा) (शिक्षा मंत्रालय · अंग्रेज़ी में)
- Guidelines on School Safety and Security: Section 19 of the POCSO Act (नए टैब में खुलेगा) (परमाणु ऊर्जा शिक्षण संस्था · अंग्रेज़ी में)
- Register child rights violations related complaints (e-Baal Nidan and POCSO e-Box) (नए टैब में खुलेगा) (राष्ट्रीय सरकारी सेवा पोर्टल · अंग्रेज़ी में)
यह पोस्ट सामान्य जानकारी है। नियम राज्य और बोर्ड के हिसाब से अलग हो सकते हैं, इसलिए अपने स्कूल से उसकी अपनी योजना के बारे में पूछें।